स्वास्थ्य मंत्रालय ने शुक्रवार को जानकारी दी कि सितंबर महीने की दवा चेतावनी रिपोर्ट में केंद्रीय औषधि प्रयोगशालाओं ने विभिन्न कंपनियों की ओर से बनाई गई दवाओं के 42 नमूनों को गुणवत्ता मानकों पर खरा नहीं पाया। इन नमूनों को 'मानक गुणवत्ता का नहीं' (एनएसक्यू) घोषित किया गया है। इसके अलावा, राज्य औषधि जांच प्रयोगशालाओं ने भी दवाओं के 288 नमूनों को गुणवत्ता मानकों पर खरा नहीं पाया है।
दवाओं की गुणवत्ता पर सवाल: सितंबर में 330 नमूने मानकों पर खरे नहीं उतरे; स्वास्थ्य मंत्रालय ने क्या कहा?

